शास्त्री जी की मार्गदर्शिका

प्रमुख पर्व पूजा विधियाँ

पर्व, देवता और शुभ काल के साथ सरल घरेलू पूजा विधियाँ।

Bhadrapada Shukla Chaturthi (August - September) Lord Ganesha (भगवान श्री गणेश)

गणेश चतुर्थी स्थापना एवं पूजा

गणेश चतुर्थी भगवान गणेश के धरा पर आगमन और जन्मोत्सव का पावन पर्व है। घर में मिट्टी की मूर्ति स्थापित करने से विघ्न दूर होते हैं, रिद्धि-सिद्धि और सुख-समृद्धि का वास होता है।

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Kartik Amavasya (October - November) Goddess Lakshmi & Lord Kuber (माँ लक्ष्मी एवं भगवान कुबेर)

दीपावली लक्ष्मी एवं कुबेर पूजा

दीपावली की रात माँ लक्ष्मी समुद्र मंथन से प्रकट हुई थीं। इस दिन माँ लक्ष्मी और कोषाध्यक्ष कुबेर जी की पूजा से घर में सुख, शांति, अन्न-धन और स्थायी वैभव का आगमन होता है।

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Magha Shukla Panchami (January - February) Goddess Saraswati (माँ सरस्वती)

सरस्वती पूजा (वसंत पंचमी)

वसंत पंचमी बसंत ऋतु के आगमन और ज्ञान, संगीत, कला एवं वाणी की देवी माँ सरस्वती के प्राकट्य का पावन दिन है। इस दिन शिक्षा व कला में सफलता का वरदान प्राप्त होता है।

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Bhadrapada Krishna Ashtami (August - September) Lord Krishna / Laddu Gopal (श्री कृष्ण / लड्डू गोपाल)

जन्माष्टमी बाल गोपाल पूजा

जन्माष्टमी श्री कृष्ण के मध्यरात्रि जन्मोत्सव का पावन पर्व है। इस दिन लड्डू गोपाल का पंचामृत स्नान और झूले में झुलाने से घर में वात्सल्य, आनंद और सुख का वास होता है।

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नवरात्रि · ९ दिन नवदुर्गा

नवरात्रि घटस्थापना एवं ९ देवी विस्तृत पूजा

नवरात्रि मां जगदम्बा (शक्ति) की उपासना का नौ दिवसीय महापर्व है। नौ रात्रियों में नवदुर्गा के नौ स्वरूपों की पूजा करने से भय, दुख, और पापों का नाश होता है तथा शक्ति, आरोग्य एवं सिद्धि प्राप्त होती है।

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अवसर / मीलस्टोन पूजाएँ · दिन एवं देवता पूजाएँ